उदयपुर जिला (नेपाल)

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उदयपुर जिला
जिला
जलजले नामक क्षेत्र से उदयपुर में महाभारत पहाड़ी श्रृंखला के एगो नजारा। नजारा में धान के खेत भी लौक रहल बा।
जलजले नामक क्षेत्र से उदयपुर में महाभारत पहाड़ी श्रृंखला के एगो नजारा। नजारा में धान के खेत भी लौक रहल बा।
उदयपुर जिला के अवस्थिति
उदयपुर जिला के अवस्थिति
देश  नेपाल
प्रदेश प्रदेश संख्या १
नगरपालिका 4 गो
गाँवपालिका 4 गो
मुख्यालय त्रियुग/गाइघाट
रकबा
 • कुल 2,063 km2 (797 sq mi)
जनसंख्या (2011[1])
 • कुल 317,532
 • जनघनत्व 150/km2 (400/sq mi)
टाइम जोन नेपाल के मानक समय (यूटीसी+५:४५)
मुख्य भाषा सभ नेपाली
वेबसाइट www.ddcudayapur.gov.np

उदयपुर जिला नेपाल के प्रदेश संख्या १ के 14 जिला सभ में से एगो ह। ई जिला के मुख्यालय त्रियुगा नगरपालिका/गाइघाट में स्थित बा। जिला के कुल क्षेत्रफल 2,063 किमी² बा आ 2011 के जनगणना के हिसाब से जिला के जनसंख्या 317,532 बा।

उदयपुर जिला उत्तर में महाभारत श्रृंखला से घेराइल बा, त दखिन ओर शिवालिक के पहाड़ी श्रृंखला से घेराइल बा, पछिम ओरी दुनो पहाड़ी श्रृंखला आके मिल गईल बा जे से ई क्षेत्र एगो घाटी के रूप धऽ लेवेला, एहि से ई उदयपुर घाटी के नाम से भी जानल जाऽला। जिला के पूर्वी छोर पर कोशी नदी जिला के पूर्बी सिमा तय करेला। उदयपुर के भीतरी तराई क्षेत्र में गिनल जाऽला। जिला के मुख्यालय त्रियुगा नगरपालिका में स्थित बा जवन त्रियुगा नदी के किनारे बसल बा। एहि नदी के नाम से ई शहर/नगरपालिका के नाम त्रियुगा नगरपालिका पड़ल। त्रियुगा नगरपालिका के गाइघाट नाम से भी जानल जाऽला।

उदयपुर जिला के एगो नक्शा जे में स्थानिय तह के प्रशासनिक क्षेत्र दिखावल गईल बा।

इतिहास[संपादन]

शाह राजा द्वारा आधुनिक नेपाल के एकीकरण से पहिले ई जिला सेन वंश के अधीन एगो अधिराज्य रहल। अधिराज्य के नाम चौदण्डी अधिराज्य रहल आ एकर राजधानी के नाम उदयपुरगढ़ी रहल। चौदण्डी के अंतिम राजा के नाम कर्ण सेन रहल, नेपाल एकीकरण के सिलसिला में जब शाह के गोरखा आर्मी चौदण्डी राज्य पर चढ़ाई कइलस त कर्ण सेन भाग के विजयपुर चल गईलन।

भूगोल आ हावापानी[संपादन]

हावापानी[2] एलेविशन रेंज क्षेत्र के %
निचला उष्णकटिबंधीय 300 मीटर से (1,000 फुट के नीचे) 33.7%
उपरला उष्णकटिबंधीय 300 से 1,000 मीटर
1,000 से 3,300 फुट
45.9%
उपोष्णकटिबंधीय 1,000 से 2,000 मीटर
3,300 से 6,600 फुट
17.8%
शीतोष्ण 2,000 से 3,000 मीटर
6,400 से 9,800 फुट
 0.5%

जिला के कुल क्षेत्रफल के 67% हिस्सा जंगल से ढकल बा। 28% जमीन के हिस्सा पर खेती-पाती बा। सिंचाई/पानी खातिर छोट-बड़ नदी आ तालाब मुख्य स्रोत के रूप में बाड़ी सन। रौता पोखरी, सुके पोखरी, ताप्ली पोखरी, जोगिदह चूरे पोखरी आ झिल्के पोखरी मुख्य पानी के स्त्रोत बाड़ी सन। जिला के सभन से बड़ नदी त्रियुगा नदी ह। अन्य दुगो मुख्य नदी तावा खोला आ वैद्यनाथ नदी बाड़ी सन। कुछ अउर अन्य नदी बाड़ी सन: ककरु खोला, यारी खोला, रकुला, बरुआ खोला, अंधेरी, बहादुरा खोला आ रसुआ खोला। सुनकोसी, सप्तकोसी आ कमला नदी जिला के सीमा पर बहेली सन।

ई भीतरी तराई के क्षेत्र के एलिवेशन (ऊंचाई) समुद्र तल से 360 से लेके 2310 मि. तक बा। जिला में भिन्न भिन्न टोपोग्राफी, जियोलॉजीआएल्टीट्यूड के चलते अलग अलग तीन गो फिजियोग्राफिक क्षेत्र स्थापना भईल बा, जवन निम्न प्रकार से बा:

महाभारत पहाड़ी[संपादन]

ई जिला के उत्तरी क्षेत्र पर महाभारत पहाड़ी श्रृंखला बाड़ी सन जवन भीतरी तराई से शुरू होखेला आ एकर उत्तरी सीमा पर बहे वाली नदी सुनकोसी नदी जवन कोशी नदी के एगो शाखा ह तक फैलल बा। महाभारत पहाड़ी कहीं कहीं आ के चुरिया पहाड़ (शिवालिक) से आ के मिलल बा। लगभग जिला के 60% क्षेत्र के हिस्सा मध्य पहाड़ी क्षेत्र छेकले बा जवन खड़ा ढलान आकृति के बा 1100 मि. से लेके 2310 मि. ले के क्षेत्र पर ऊँच ऊँच पहाड़ बाड़ी सन; जैसे कि: लेखनी, माझखड्का, रौतापोखरी आदी।

शिवालिक पहाड़ी[संपादन]

चुरिया या शिवालिक पहाड़ी 550 मि. से 1100 मि. ले के ऊंचाई में महाभारत पहाड़ी श्रृंखला से लेके बीच के कुछ भीतरी तराई के हिस्सा छोड़ के दखिन के बाहरी तराई ले फैलल बा। ई जिला के लगभग 9% हिस्सा के समेटले बा जे में भीतरी तराई के कुछ घाटी भी शामिल बाड़ी सन; जैसे कि: नेपालटार, मुर्कुचीमैनाटार

भीतरी तराई[संपादन]

ई क्षेत्र जिला के लगभग 31% हिस्सा के समेटले बा, जेकर ऊंचाई 360 मि. से 550 मि. ले बा। ई क्षेत्र मुख्य रूप से त्रियुगा आ तावा नदी के सिमा पर फैलल बा। ई क्षेत्र में भूक्षय, मिट्टी बहाव आ बाढ़ के समस्या रहेला, काहे की बरसात के दिन में जब बारिश होखे लागेला त चारो ओरी के पहाड़ सभ से पानी बह के ई क्षेत्र के नदी में जबरदस्त तरीका से आवेला। ई क्षेत्र में स्थित शहर बाड़ी सन: गाइघाट, कटारी आ [[बेलटार

जनसांख्यिकी[संपादन]

2011 के जनगणना के हिसाब से ई जिला के जनसंख्या 317,532 बा। ई जिला में मुख्य रूप से बसो बास करे वाली जात बाड़ी सन: छेत्री (क्षत्रिय/राजपूत) (21.01%), राई (17.09%), मगर (14.4%), थारु (8.3%), बाहुन (ब्राह्मण) (7.31%) आ अन्य (32%)। इहाँ के 53.31% लोग शिक्षित बा

प्रशासन[संपादन]

उदयपुर जिला चार गो नगरपालिका आ चार गो गांवपालिका में बँटल बा।

नगरपालिका;

  1. त्रियुगा नगरपालिका
  2. चौदण्डीगढ़ी नगरपालिका
  3. बेलका नगरपालिका
  4. कटारी नगरपालिका

गांवपालिका;

  1. उदयपुरगढ़ी
  2. रौतामाई
  3. सुनकोसी
  4. ताप्ली

पहिले के प्रशासन[संपादन]

20 सितम्बर 2015 से पहिले उदयपुर जिला पूर्वांचल विकास क्षेत्र के सागरमाथा अंचल के एगो जिला रहल। जेमें नगरपालिका के साथे साथ बहुतेरे गांव विकास समिति रहल, नयका नीति आइला के बाद गांव विकास समिति के मिला के नगरपालिका बन गईल या पहिले से मौजूद नगरपालिका में विस्तारित कर दिहल गईल या गांव पालिका में मिला दिहल गईल।

इहो देखल जाय[संपादन]

बाहरी कड़ी[संपादन]

संदर्भ[संपादन]

  1. General Bureau of Statistics, Kathmandu, Nepal, Nov. 2012
  2. The Map of Potential Vegetation of Nepal - a forestry/agroecological/biodiversity classification system, Forest & Landscape Development and Environment Series 2-2005 and CFC-TIS Document Series No.110., 2005, ISBN 87-7903-210-9, पहुँचतिथी Nov 22, 2013 

निर्देशांक: 26°55′N 86°40′E / 26.917°N 86.667°E / 26.917; 86.667