आरा

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आरा
शहर
आरा is located in Bihar
आरा
आरा
भारतीय राज्य बिहार में लोकेशन
निर्देशांक: 25°33′27″N 84°40′12″E / 25.55750°N 84.67000°E / 25.55750; 84.67000निर्देशांक: 25°33′27″N 84°40′12″E / 25.55750°N 84.67000°E / 25.55750; 84.67000
देस भारत
राज्य बिहार
जिला भोजपुर
नाँव पड़ल आरण्या देवी (मंदिर)
ऊँचाई 190 m (620 ft)
भाषा
 • ऑफिशियल हिंदी, उर्दू, भोजपुरी
टाइम जोन IST (यूटीसी+5:30)
पिनकोड 802 301; 802302; 802312
फोन कोड +916182
गाड़ी नंबरप्लेट BR-03
वेबसाइट bhojpur.bih.nic.in
कलेक्ट्रेट पोखरा, मई के एगो साँझ बेरा।

आरा (कैथी: 𑂄𑂩𑂰) भारत के बिहार राज्य के एगो प्रमुख सहर हऽ। ई भोजपुर जिला के मुख्यालय हऽ। बिहार के राजधानी पटना से एकर दूरी बस 55 किलोमीटर बा। देश के दोसर ईलाकन से ई सड़क आउर रेलमार्ग से जुड़ल बा । ई सहर बनारस से 136 मील पूरूब-उत्तर-पूरूब ,पटना से 37 मील पश्चिम, गंगा नदी से 14 मील दक्खिन आउर सोन नदी से आठ मील पश्चिम में बसल बा। ई पूर्वी रेलवे के प्रधान साखा आउर आरा-सासाराम रेलवे लाइन के जंकशन हऽ। डिहरी से निकले वाली सोन के पूरबी नहर के प्रमुख 'आरा नहर' शाखा भी इहां से होकर जाले। आरा के 1865 में नगरपालीका बनावल गइल रहे।

गंगा और सोन के उपजाऊ घाटी में होखला के चलते ई अनाज के प्रमुख व्यापारिक क्षेत्र आउर वितरणकेंद्र हऽ । ई पटना, सासाराम आउर बनारस से रेल आउर सड़क मार्ग से जुड़ल बाटे। गंगा अऊर सोन नदी में बाढ़ अईला के चलते सहर कबो-कबो छतिग्रस्त हो जाला।

नांव[संपादन]

मसाढ़ मे मिलल एगो जैन सिलालेख मे एकर नांव "अरामनगर" लिखल बा एहिसे एइसन मानल जाला जे आरा नांव एहिसे पड़ल।[1][2][3]

काथा सभ मे अईसन कहल गईल बा जे आरा संस्कृत के सबद "अरण्य" से बनल बाटे, जेकर माने "बन" होला। अईसन कहल जाला जे पुरान घड़ी मे आरा मे बहुते सघन बन रहऽसन। कहाला जे, राम जी के गुरु, विश्वामित्र के मड़ई हेनिए केनियो रहे। राम जी ताड़का के अरे लगे मरले रहन।[4][5]

इतिहास[संपादन]

पुरान[संपादन]

मसाढ़ मे मिलल आसोक के सेर

आरा दिया रामायण मे लिखल बा, कहाला जे, राम जी के गुरु, विश्वामित्र के मड़ई हेनिए केनियो रहे। राम जी ताड़का के अरे लगे मरले रहन।

पुरान भारत मे ई मगध मे आवत रहे।, 684 बिसी मे एहिजा हर्यक कुल के राज चलत रहे। मौय कुलो एहिजा राज कइले रहे आ मसाढ़ लगे असोक के थम मिलल बाटे। 200 ईश्व मे एहिजा ग गुप्ता कुल रहे, बिकरमादित के कथा कईसे बैताल पचिसी आ सिंहासन बत्तिसी एहिजा आजो सुनावल जाला। फेर एहिजा पाल आ चेरो सभ के राज रहल।

मध्य काल[संपादन]

सोन नदी के पार करत बाबर[6]

सांस्कृतिक स्थिति[संपादन]

आरा सांस्कृतिक दृष्टि से बहुत महत्वपूर्ण रहल बा ।आरा में ढेर अईसन संस्थान बाड़ीसन ,जवन सांस्कृतिक नाटक के प्रस्तुति में, लोगिन के मनोरंजन करे में इउर शिक्षा के साथे साथे सामाजिक कुप्रथा के भी ख़तम करे में बहुत बड़ भूमिका निभावत बाड़ीसन । युवानीति, दृष्टिकोण, कमायनी, भूमिका, अभिनव, रंगभूमि जईसन संस्था आरा में नाटक के आयोजन करत रहेलिसन । आरा रंमंच के विकाश में डॉ श्याम मोहन अस्थाना, सिरिल मैथ्यू, नवेन्दु, श्रीकांत, सुनील सरीन, अजय शेखर प्रकाश, श्रीधर लोगिन के बहुत महत्वपूर्ण भूमिका रहल बा । मेहरारुन में छंदा सेन का नाम प्रमुख बाटे जे बहुत समय से रंगमंच के साथे जुडल रहल बाड़ी I

व्यापारिक स्थिति[संपादन]

आरा व्यापारिक दृष्टि से बहुत महत्वपूर्ण रहल बा I एहिजा के मुख्य व्यवसाय खेती से जुडल बा I आरा के गोला आउर बाजार समिति खेती से जुडल खरीद-बिक्री के जगह के रूप में जानल जाला।

शिक्षा[संपादन]

इहां वीर कुंवर सिंह विश्वविद्यालय अऊर बहुत महाविद्यालय बाड़ीसन । प्रोफेसर मिथिलेश्वर, उर्मिला कौल, मधुकर सिंह, अनंत कुमार सिंह, नीरज सिंह, निलय उपाध्याय, जवाहर पाण्डेय जईसन लोग समाकालिन साहित्य के दिशा दे रहल बा लोग । भोजपुर कंठ, आरण्य ज्योति जईसन पाक्षिक अखबार बहुत लम्बा समय से इहाँ प्रकाशित होत बाड़ीसन । एगो अइसन समय भी रहे जब आरा से टटका नाम के एगो भोजपुरी अखबार प्रकाशित होत रहे । बीच में शाहाबाद भूमि और समकालीन भोजपत्र नाम के पत्रिकन के प्रकाशन शुरू भइल रहे जे अब बंद बा । मित्र और जनपथ नाम के साहित्यिक पत्रिका इहाँ से प्रकाशित हो रहल बाड़ीसन । जनवादी लेखक संघ,प्रगतिशील लेखक संघ और अखिल भारतीय साहित्य परिषद के शाखा भी आरा शहर में आपन मौजूदगी दर्ज करवले बाड़ीसन । आजकाल भोजपुरी भाषा के कईअक गो लेखक अऊर संगठन आरा में सक्रिय बाड़ें । आरा में बहते पुरान अऊर इतिहासिक ईमारत बाड़ीसन । महाराजा कॉलेज परिसर में आरा हाउस, रमना मैदान के भीरी चर्च, बड़की मस्जिद, नागरी प्रचारिणी सभागार सह पुस्तकालय, बाल हिंदी पुस्तकालय, जैन सिंद्धांत भवन आदि प्रमुख बाड़ीसन I शहर में जैन लोग के भी ढेर मंदिर बाटे । इहाँ जैन बाला विश्राम नाम के लईकिन खातिर एगो ढ़ेर पुरान स्कूल बा। हरप्रसाद दास जैन कॉलेज, महाराजा कॉलेज, सहजानंद ब्रह्मर्षि कॉलेज, जगजीवन कॉलेज, महंत महादेवानंद महिला कॉलेज अंगीभूत कॉलेज हयिसन। नामी स्कूलन में डी.ए.वी ,जीन पौल्स ,सम्भावना अवासिय उच्च विद्यालय आउर डी.के.कारमेल के नाम शामिल बा I एकरा अलावा शहर में ढेर बड़-छोट स्कूल-कालेज बाड़ीसन । इहाँ वीर कुंवर सिंह विश्वविधालय के स्थापना सन 1992 में भइल । जगजीवन राम, राम सुभग सिंह, अंबिका शरण सिंह, सचिदानन्द सिन्हा, रामानंद तिवारी जईसन नेता आरा के माटी के लाल हवें।

दर्शनीय जगह[संपादन]

आरा के दर्शनीय जगह में आरण्य देवी, मढ़िया के राम मन्दिर शामिल बा। शहर में बुढ़वा महादेव, पतालेश्वर मंदिर, रमना मैदान के महावीर मंदिर, सिद्धनाथ मंदिर आदि शामिल बा । शहर में बड़की मठिया नाम से मशहुर एगो धार्मिक जगह बा । शहर के बीचोबीच बसल बड़की मठिया रामानंद सम्प्रदाय के प्रमुख केन्द्र हऽ। बनारस के तर्ज प मानस मंदिर के भी निर्माण चल रहल बा । आरा शहर से दूर बखोरापूर के काली माई के मंदिर भी बहुत मशहुर भइल जात बा जहाँ हर साल बड़-बड़ कलाकारन के जमावड़ा लागेला। आरा शहर से 9 किलोमिटर दूर सकड्डी के दुर्गा माई के मंदिर भी बहूत मशहुर है।

परमुख लोग[संपादन]

मौसम[संपादन]

आरा खातिर जलवायु आँकड़ा
महीना जन फर मार्च अप्रै मई जून जुला अग सित अक्टू नवं दिस सालभर
औसत अधिकतम °C (°F) 23
(73)
26
(78)
32
(90)
37
(99)
38
(100)
36
(96)
33
(91)
32
(89)
32
(90)
32
(89)
28
(82)
24
(75)
31.1
(87.7)
औसत कम °C (°F) 11
(51)
13
(55)
18
(64)
23
(74)
26
(78)
27
(80)
27
(80)
27
(80)
26
(79)
23
(73)
16
(61)
11
(52)
20.7
(68.9)
औसत वर्षण mमी (इंच) 15
(0.6)
18
(0.7)
10
(0.4)
8
(0.3)
36
(1.4)
180
(7.1)
295
(11.6)
333
(13.1)
218
(8.6)
58
(2.3)
8
(0.3)
5
(0.2)
1,184
(46.6)
औसत बरखा वाला दिन 1.4 1.7 1 0.7 3 10.1 14 15.1 8.1 4 0.8 0.6 60.5
Source: Weatherbase[7]

जनसंख्या[संपादन]

2011 के जनगणना के अनुसार आरा शहर के कुल आबादी 2,61,099<ref>/>बा । आबादी के मामला में आरा देश में 184 वें स्थान प बा।

इहो देखल जाय[संपादन]

संदर्भ[संपादन]

  1. "Lion Motif in Mauryan Art: Indigenous or Foreign?" (PDF). heritageuniversityofkerala.com. पहुँचतिथी 11 April 2020.
  2. Singh, Rana (September 2019). "Masarh : A Great Archaeo-Historic Site of Bihar". J. P. University, Chapra. 63.
  3. Archaeological Survey of India: Reports 1862-1884, Volumes 3-23.
  4. "History | Welcome To Bhojpur District | India". Bhojpur.nic.in. 18 October 2019.
  5. Sinha, Nishi (1999). Tourism Perspective in Bihar. APH Publishing. प. 77. ISBN 9788170249757.
  6. "Baburnama". 1590s. पुरालेखित से पुरालेखित 17 October 2013 के.
  7. "Weatherbase.com". Weatherbase. 2013. Retrieved on July 31, 2013.