भीमराव आंबेडकर

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भीमराव रामजी आंबेडकर
जवानी के बाद के दिन में आंबेडकर
कानून आ न्याय मंत्री
कार्यकाल
15 अगस्त 1947 – सितंबर 1951
परधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू
इनसे पहिले पद के स्थापना
इनके बाद चारु चंद्र बिस्वास
संबिधान ड्राफ्ट कमेटी के चेयरमैन
पद पर रहलें
29 अगस्त 1947 – 24 जनवरी 1950
परधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू
लेबर मेम्बर, वायसराय के एक्सीक्यूटिव काउंसिल
पद पर रहलें
1942–1946
इनसे पहिले फिरोज खान नून
इनके बाद पद समाप्त
निजी जानकारी
जनम 14 अप्रैल 1891
महू, सेंट्रल प्रोविंस, भारत (वर्तमान मध्य प्रदेश)
निधन 6 दिसंबर 1956(1956-12-06) (उमिर 65)
दिल्ली, भारत
राजनीतिक पार्टी समता सैनिक दल, स्वतंत्र्य मजदूर पार्टी (इंडिपेंडेंट लेबर पार्टी), अनुसूचित जाति संघ
जीवनसाथी
  • रमाबाई (m. 1906; died 1935)[1]
  • सविता अंबेडकर (m. 1948)[2]
महतारी संस्था
प्रोफेशन कानूनबिद्वान, अर्थशास्त्री, समाज सुधारक, राजनीतिग्य
सम्मान भारत रत्न (मरणोपरांत)
दस्खत

भीमराव रामजी आंबेडकर (14 अप्रैल 1891 – 6 दिसंबर 1956), जिनके बाबासाहेब आंबेडकर के नाँव से भी जानल जाला, एक ठो भारतीय कानूनबिद्वान, अर्थशास्त्री, राजनीतिग्य आ समाज सुधारक रहलें। दलित (अछूत) लोग के साथे होखे वाला सामाजिक भेदभाव के खिलाफ आंदोलन[3] कइलेन आ औरतन आ मजूरन के हक खातिर काम कइलेन। ऊ आजाद भारत के पहिला कानून मंत्री रहलें आ भारतीय संबिधान के ड्राफ्ट कमेटी के चेयरमैन रहलें आ संबिधान के निर्माण में प्रमुख भूमिका अदा कइलें।

आंबेडकर बहुत तेज बिद्यार्थी रहले आ कोलंबिया इन्वर्सिटी आ लंदन स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स से डाक्टर के डिग्री हासिल कइलेन। कानून, अर्थशास्त्र आ राजनीति बिज्ञान के बिद्वान के रूप में उनके धाक जम गइल रहल। अपना सुरुआती कैरियर में ऊ अर्थशास्त्री, प्रोफेसर आ वकील रहलें। बाद में राजनीति में सक्रिय रूप से हिस्सा लिहलें; भारत के आजादी के संघर्ष में परचार, आंदोलन आ निर्णायक फैसला लेवे में योगदान कइलेन आ आजाद भारत के स्वरुप निर्धारित करे में महत्व के भूमिका निभवलें। 1956 में बौद्ध धरम अपना लिहलें जेकरा बाद दलितन के बौद्ध धर्म में ब्यापक धर्मांतरण भइल।

निधन के बाद, 1990 में, इनके भारत के सभसे बड़ नागरिक सम्मान "भारत रत्न" दिहल गइल। आंबेडकर के विरासत राजनीति, सामाज सुधार आ पापुलर कल्चर में कई प्रकार से अभिन ले भी महत्वपूर्ण बनल बाटे आ भारतीय संस्कृति आ समाज में आपन स्थान रखत बा।

इहो देखल जाय[संपादन]

संदर्भ[संपादन]

  1. Pritchett, Frances; "In the 1900s" (PHP); पहुँचतिथी 5 जनवरी 2012. 
  2. Pritchett, Frances; "In the 1940s"; पहुँचतिथी 13 June 2012. 
  3. अग्रवाल, पुरुषोत्तम; हरिजन से दलित; वाणी प्रकाशन; pp. 70–; ISBN 978-81-8143-246-9.