Jump to content

उष्णकटिबंध

विकिपीडिया से
बिस्व के नक्सा पर उष्णकटिबंध
उष्णकटिबंधी जलवायु वाला क्षेत्र जहाँ साल भर तापमान 18.0 °C (64.4 °F) से ऊपर रहे ला।

उष्णकटिबंध चाहे ऊष्ण कटिबंध (अंग्रेजी: tropics; ट्रॉपिक्स) पृथिवी पर भूमध्य रेखा के उत्तर आ दक्खिन ओर पट्टी के रूप में बिस्तार लिहले अइसन इलाका ह जहाँ साल में कम-से-कम एक बेर सुरुज के किरिन दुपहरिया में सीधा 90 डिग्री के कोण बना के पड़े ले। एह तरीका से ई शीतोष्ण (टेम्परेट) आ ध्रुवीय (पोलर) इलाका से अलग ह काहें की एह जगहन पर सुरुज कबो सीधा कपार के सीध में ना चमके लें। अइसन पृथिवी के धुरी के झुकाव के चलते होला; ई पट्टी भूमध्य रेखा के दुनों ओर ओतने अक्षांस से बिस्तार लिहले बाटे जतना पृथिवी के धुरी के झुकाव बाटे। एकर उत्तरी सीमा कर्क रेखा आ दक्खिनी सीमा मकर रेखा के रूप में जानल जाला।

लगभग साल भर सूरज के ऊँच कोण (high angle) पर रहे के चलते, उष्णकटिबंध में पूरा साल में सबसे जादे सौर ऊर्जा (इन्सोलेशन) पहुँचेला, आ एहसे धरती पर सबसे जादे तापमान एही क्षेत्र में मिले ला। भले सूरज सीधे कपार के सीध में हर बखत ना रहे, बाकिर साल भर लगभग ओकरे नजदीकहीं रहे ला, एहसे ट्रॉपिक्स में सीजन के हिसाब से मौसम के बदलाव सबसे कम्मे होखेला। “सर्दी” आ “गरमी” के दूनो में तापमान के फर्क अधूरा जइसन हो जाला। एह इलाका में सीजन के पहचान जादातर बारिश के मात्रा में होखे वाला बदलाव से कइल जाला, ना कि तापमान या दिन के रोशनी के घंटा से।

ट्रॉपिक्स के भीतर मौसम–जलवायु के कई ठे किसिम मिले ला—जइसे रेनफॉरेस्ट, मॉनसून, सवाना, रेगिस्तान, आ ऊँचाई पर बर्फ से ढँकल पहाड़। “ट्रॉपिकल” शब्द कई बेर खास किसिम के जलवायु खातिर भी इस्तेमाल होखेला, ना कि एह पूरा भौगोलिक क्षेत्र खातिर; एह दुनु उपयोग के आपस में घाल-मेल ना करे के चाहीं। वास्तव में उष्णकटिबंधीय जलवायु के सीमा एकदम सटीक अक्षांस अनुसार ना हो के लोकल ऊँचाई-निचाई के चलते मोडिफाइड हो जाला। उदाहरण खातिर भारत के लगभग आधा उत्तरी हिस्सा कर्क रेखा के उत्तर में पड़े ला, तबो पर हिमाल पहाड़ के परभाव के चलते लगभग मय भारत में उष्णकटिबंधीय मानसूनी जलवायु मिले ला।