एयर इंडिया

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एयर इंडिया भारत क एगो मुख्य और इंडिगो, जेट एयरवेज की बाद यात्री क्षमता की मामला में तीसरा नंबर क बड़का एयरलाइन ह। एकर मालिकी भारत सरकार द्वारा चले वाला एयर इंडिया कम्पनी की लगे बा। एकरी बेड़ा में एयरबस और बोईंग जहाज बाड़ी स जवन की देश विदेश में कुल 84 गन्तव्य स्थान खातिर परिचालित होली स। एकर हेड क्वाटर दिल्ली में आइल बा।

एकर शुरुआत सन् 1932 में जे. आर. डी. टाटा द्वारा कइल गईल रहे, बाद में एकर नांव टाटा एयरलाइन्स रखल गईल, टाटा एकर पहिला एगो इंजन वाला जहाज में एयर मेल लेके कराची से बोम्बे और फेर मद्रास (अब चेन्नई) ले उडवले रहें। दूसरा विश्वयुद्ध की बाद इ एगो पब्लिक लिमिटेड कंपनी बनल और एकर नांव एयर इंडिया रखाइल।

एयर इंडिया देश में आ एशिया क्षेत्र में अपनी अन्य सहायक कम्पनी एयर इंडिया रीजनल और एयर इंडिया एक्सप्रेस की द्वारा सेवा देला। एयर इंडिया देशी रूट खातिर एयरबस ए320 और बोईंग 787 जहाजी बेड़ा और लम्बा दुरी खातिर बोईंग 777-300इआर, 747 और 787 जहाजी बेड़ा क इस्तेमाल करेला।

इतिहास[संपादन]

शुरुआती साल (1932-1945)[संपादन]

एयर इंडिया क शुरुआत टाटा संस द्वारा भइल, जवन की भारतीय बिजनस टायकून और विमान चालक जे.आर.डी. टाटा द्वारा स्थापित कइल गईल रहे। अप्रैल 1932 में टाटा के इम्पीरियल एयरवेज खातिर पत्र लेजईले क एगो ठेका मिलल आ एकरी बाद दुगो एक इंजन वाला जहाज (De Havilland Puss Moths) की साथ टाटा संस क रचना भइल। फेर एकर पहिला उड़ान कराची से बोम्बे ले रहल जेकरी बारे में हमनी क पाहिले बात कईनी ह जा। एकर शुरूआती सेवा कराची से अहमदाबाद और बोम्बे होते हुए मद्रास ले रहे। एकरी परिचालन की पहिला साल में इ कंपनी 160,000 मिल (260,000 किमी) क उड़ान भरलस जेमें 9.72 टन पत्र और 155 यात्री शामिल रहे लो। ओ समय एके रुपया 60,000 क फायदा भइल।[1]

आजादी की बाद (1946-2000)[संपादन]

दूसरा विश्वयुद्ध की बाद, भारत में स्थायी व्यवसायिक सेवा शुरू हो गईल और टाटा एयरलाइन्स 29 जुलाई 1946 के एयर इंडिया की नांव से पब्लिक लिमिटेड कंपनी बन गईल। 1947 में भारत की आजादी की बाद, 1948 में एकर 49% शेयर भारत सरकार अधिग्रहित क लिहलस। 8 जून 1948 के एकर पहिला अन्तर्राष्ट्रीय विमान सेवा बोम्बे से लन्दन खातिर शुरू भइल। 1953 में भारत सरकार एयर कॉर्पोरेशन एक्ट पास कइलस और एकर बड़ा हिस्सा खरीद लिहलस, फेर ए कंपनी क एयर इण्डिया इंटरनेशनल नांव रखाईल और घरेलु सेवा के पुनर्गठन की तौर पर इंडियन एयरलाइन्स के हस्तांरित करा गईल।[2]

बाद क साल (2000-)[संपादन]

2000-01 में एकर निजीकरण कइले क कोशिश भइल। एही साल की दौरान एयर इंडिया संघाई खातिर सेवा शुरू कइलस। 23 मई 2001 के नागरिक उड्डयन मंत्रालय ओ समय की प्रबंध निदेशक माइकल मस्कारेन्हास के भ्रष्टाचार की आरोप में निलम्बित क दिहलस।

2004 में, एयर इण्डिया एयर- इंडिया एक्सप्रेस नांव से एगो कम लागत वाला स्वयं शासित सहायक कम्पनी शुरू कइलस जवन भारत की शहरन के मध्य पूर्व और दक्षिण एशिया से जोड़े खातिर शुरू भइल रहे।

2007 में एयर इण्डिया और इंडियन एयरलाइन क एयर इंडिया लिमिटेड नांव की तहत मर्जर हो गईल।[3]

उपलब्ध सुविधा[संपादन]

केबिन[संपादन]

बोईंग 777-200एलआर / 777-300ईआर जहाज क परिचालन लम्बी दूरी खातिर होला जेमें कुल श्रेणी में मिला के 342 यात्री क जगह बा। एही तरह बोईंग 747-400 में 423 यात्री क जगह बा।

फ्लाइट में मनोरंजन क सुविधा[संपादन]

एयर इण्डिया की जहाजीन में थेल्स i3000 मनोरंजन सुविधा लागल बा। यात्री लोग हिंदी इंग्लिश कार्यक्रम देखावे वाला 5 गो चैनल में से चुनाव क सके ल लोग।[4]

फ्रीक्वेंट फ्लायर प्रोग्राम[संपादन]

फ्लाइंग रिटर्न एयर इंडिया क फ्रीक्वेंट फ्लायर प्रोग्राम ह। इ भारत क पहिला फ्रीक्वेंट फ्लायर प्रोग्राम ह। एकरी तहत जे मेंबर रही ओके उड़ान की दौरान पॉइंट मिली जौने के ऊ भविष्य की उड़ान की दौरान भुना सकेला।

संदर्भ[संपादन]

  1. सुब्रमण्यम, सामन्था (15 October 2012); "एयर इंडिया, कुशल लाभदायक और तेजी से बढ़ रहा"; न्यूयॉर्क टाइम्स; पहुँचतिथी July 18, 2016. 
  2. "एयर इंडिया, इंडियन एयरलाइन"; ब्रिटानिका; पहुँचतिथी July 18, 2016. 
  3. "एयर इंडिया इतिहास"; क्लियरट्रिप.कॉम.; पहुँचतिथी July 18, 2016. 
  4. "एयर इंडिया फ्लाइट में मनोरंजन क सुविधा" (pdf); एयर इंडिया; पहुँचतिथी July 18, 2016.