भूखी पीढी

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भूखी पीढी ( हंग्रि जेनरेशन ) बांग्ला साहित्यके एगो आन्दोलन बा जो कि पटना विश्वविद्यालयके छात्र मलय रायचौधुरी १९६१ में शुरु करत रहला। कोलकाता में जायकर उ कवि-लेखक मित्र के साथ ई आन्दोलन जोरदार करत रहला।

आन्दोलन के विख्यात सदस्यगण[सम्पादन]

Hungryalist Manifesto
  • मलय रायचौधुरी
  • शक्ति च्हत्तोपाध्याय
  • समीर रायचौधुरी
  • देबी राय
  • सुबिमल बसाक
  • फालगुनि राय
  • अनिल करनजई
  • बासुदेब दाशगुप्ता
  • त्रिदिब मित्रा
  • सन्दीपन चट्टोपाध्याय
  • बिनय मजुमदार
  • प्रदीप चौधुरी
  • सुभाष घोष
  • उतपलकुमार बसु
  • रबीन्द्र गुहा
  • आलो मित्रा


संदर्भ[सम्पादन]

  • हंग्रि, श्रुती तथा शास्त्रविरोधी आन्दोलनस्मूह ( १९८६ )। डक्टर उत्तम दाश, कोलकाता विश्वविद्यालय।
  • हंग्रि आन्दोलन एवम मलय रायचौधुरी के कवितायें ( २००७ )। डक्टर विष्णुचरण दे, आसाम विश्वविद्यालय, शिलचर।
  • हंग्रि आन्दोलन तथा प्रतिष्ठान विरोधिता ( २००७ )। डक्टर स्वाती बनर्जी, रबीन्द्रभारती विश्वविद्यालय, कोलकाता।
  • हंग्रि मैनिफेस्टो ( २००७ )। सम्पादक एबादुल ह्क, आबार एसेछि फिरे पबलिकेशन, मुर्शिदाबाद, पोश्चिमबंगो।
  • वनतुलसी का गंध । लेखक फणीश्वरनाथ 'रेणु'

बाहरी कडियां[सम्पादन]