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लाटरी

विकिपीडिया से
टेक्सास लाटरी कमीशन के एगो लाटरी ड्रॉ, टीवी स्टूडियो में आयोजित कइल जा रहल बाटे।

लाटरी चाहे लॉटरी (अंग्रेजी: lottery) भा संछेप में लोटो (lotto) जुआ के एगो रूप हवे, जहाँ इनाम खातिर नंबर के अट्रेंडम (रैंडम) तरीका से निकाले के प्रक्रिया होला। कुछ सरकार लॉटरी पर रोक लगावेली, जबकि कुछ सरकार खुद राष्ट्रीय या राज्य स्तर पर लॉटरी चलावेली। आमतौर पर लॉटरी पर सरकार के कुछ नियम-कानून लागू रहेला—जइसे नाबालिग लोग के टिकट बेचे पर रोक आ टिकट बेचेला लोग के लाइसेंस देवे के व्यवस्था।

19वीं सदी में अमेरिका आ कुछ दोसरा देशन में लॉटरी आम रहे, लेकिन 20वीं सदी के शुरुआत तक, अमेरिका आ यूरोप के कई हिस्सा में जुआ (लॉटरी आ स्वीपस्टेक्स समेत) गैरकानूनी हो गइल। द्वितीय विश्व युद्ध के बाद 1960 के दशक में, सरकार लोग राजस्व (revenue) बढ़ावे खातिर बिना टैक्स बढ़वले, फेर से कसीनो आ लॉटरी के शुरू कइल।

लॉटरी कई रूप में हो सकेला—कभी इनाम निश्चित रकम (कैश) या सामान होखेला। एह स्थिति में, अगर टिकट कम बिके त आयोजक के नोकसान हो सकेला। ज्यादातर मामला में, इनाम कुल कमाई (रिसिप्ट) के एगो निश्चित परसेंट होला।

एहमें एगो पॉपुलर तरीका “50–50 ड्रॉ” हवे, जहाँ इनाम कुल कमाई के 50% होला। आजकल कई लॉटरी में लोग खुद टिकट पर नंबर चुन सकेला, जेकर कारण एक से जादे बिजेता (मल्टीपल विनर) हो सकेलें।

भारत में

[संपादन करीं]
पंजाब के रोपड़ में बिकात लाटरी टिकट, 2019

भारत में कई तरह के लॉटरी चलावल जाला। सगरो लॉटरी सभ राज्य सरकार द्वारा चलावल जालीं, बाकी 28 राज्य में से खाली भर 13 ठे राज्यन में लॉटरी के इजाजत बा।

भारत में लॉटरी के सबसे प्रमुख उदाहरण केरल राज्य सरकार बाटे, जवन 1967 में निजी लॉटरी पर देशव्यापी रोक के बाद आपन खुद के सरकारी लॉटरी विभाग शुरू कइलस। केरल राज्य लॉटरी अउरी बाकी राज्यन खातिर प्रेरणा बनल, आ कई राज्य आपन लॉटरी शुरू कइलें। आज के समय में लॉटरी एह राज्यन में उपलब्ध बा— केरल, गोवा, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, पंजाब, पच्छिम बंगाल, आसाम, अरुणाचल प्रदेश, मेघालय, मणिपुर, सिक्किम, नागालैंड आ मिजोरम। बाकी राज्यन में लॉटरी पर रोक लागल बा, लेकिन ई पूरी तरह सफल ना भइल बा, काहे कि कई ऑनलाइन प्लेटफॉर्म भारतीय लोग के लॉटरी खेले के सुविधा देवे लें।[1] ऑनलाइन एजेंट आ बुककीपर के माध्यम से भारत के लोग दुनिया भर के लॉटरी में हिस्सा ले सकेला। कुछ राज्य एह पर रोक लगावे खातिर कदम उठवले बा। जइसे तमिलनाडु सरकार गूगल पे पर रोक लगवलस, काहे कि ई ऑनलाइन लॉटरी के भुगतान के सुविधा देत रहे आ स्क्रैचकार्ड देत रहे।[2]

भारत में लॉटरी से राज्य सरकारन के अच्छा-खासा आर्थिक फायदा होला। वित्तीय वर्ष 2017–2018 में केरल लगभग ₹908 करोड़ जीएसटी आ ₹1,691 करोड़ राज्य राजस्व प्राप्त कइलस।[3]

  1. "Lottery is legal in 13 states, banned in rest but available almost everywhere". India Today (अंग्रेजी में). Ist. Archived from the original on 2022-11-01. Retrieved 2019-12-03.
  2. "Tamil Nadu bans Google Pay scratch cards; terms it lottery" (अंग्रेजी में). Archived from the original on 2019-11-23. Retrieved 2019-12-03.
  3. Menon, Shailesh (2018-06-05). "GST from lotteries fetch nine state governments nearly Rs 3,950 crore". The Economic Times. Archived from the original on 2020-07-18. Retrieved 2019-12-03.