गणेश चउथ
गणेश चउथ (संस्कृत: गणेश चतुर्थी भा विनायक चतुर्थी) हिंदू धर्म के एगो प्रमुख पर्व ह जे हिंदू देवता गणेश के समर्पित बा। ई मुख्य आ सभसे चलनसार रूप में हिंदू कलेंडर के भादो महीना के चउथ से ले के अनत (चतुर्दशी) ले मनावल जाला। एकरा अलावे माघ महीना के दुनो चउथ प्रमुख रूप से, आ लगभग हर हिंदू महीना के चउथ के गणेश के समर्पित तिथी के रूप में मनावल जाला।
गणेशोत्सव
[संपादन करीं]हिंदू कलेंडर के भादो महीना के अँजोर के चउथ से ले के अनत (चतुर्दशी) ले मनावल जाए वाला ई तिहुआर मुख्य रूप से महाराष्ट्र में मनावल जाय, बाकी अब बहुत सारा इलाकन में चलन में आ गइल बाटे। एह पर्व पर लोग अपना घर में आ सार्वजनिक रूप से सजावल पंडालन में भगवान गणेश के मूर्ति स्थापित करेला। एह दौरान वैदिक मंत्र, धार्मिक ग्रंथन के पाठ, पूजा-अर्चना आ व्रत कइल जाला। रोज के पूजा में भगवान गणेश के मोदक समेत कई तरह के मिठाई चढ़ावल जाली, काहें से कि मानल जाला कि मोदक उनकर सबसे प्रिय पकवान ह। पूजा के बाद ई प्रसाद सभे लोग में बाँटल जाला।
पर्व के शुरुआत से दसवाँ दिन, जे अनंत चतुर्दशी के होखेला, भगवान गणेश के मूर्ति के बाजा-गाजा, भजन-कीर्तन आ शोभायात्रा के साथ नदी, झील भा समुंदर जइसन जलाशय में विसर्जित कइल जाला। एह परंपरा के विसर्जन कहल जाला। अकेले मुंबई शहर में हर साल लगभग 1.5 लाख गणेश मूर्तिन के विसर्जन होला। महाराष्ट्र में गणेश चतुर्थी राजकीय पर्व के दर्जा रखे ला।
गणेश चतुर्थी भगवान गणेश के नया शुरुआत के देवता, विघ्न दूर करे वाला, आ बुद्धि, सौभाग्य, समृद्धि आ ज्ञान के देवता के रूप में मानल जाला। ई पर्व पूरा भारतीय उपमहाद्वीप में, खास करके महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, गुजरात, उत्तर प्रदेश, कर्नाटक, ओडिशा, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु, केरल, गोवा आ श्रीलंका में बड़े श्रद्धा से मनावल जाला। भारत से बाहर बसल हिंदू समुदाय भी ऑस्ट्रेलिया, न्यूज़ीलैंड, कनाडा, सिंगापुर, मलेशिया, त्रिनिदाद आ टोबैगो, गयाना, सूरीनाम, फिजी, मॉरीशस, दक्षिण अफ्रीका, संयुक्त राज्य अमेरिका आ यूरोप के कई गो देशन में ई पर्व धूमधाम से मनावेला।
ग्रेगोरियन पंचांग के अनुसार, गणेश चतुर्थी हर साल 22 अगस्त से 20 सितंबर के बीच पड़ेला।
हालाँकि गणेश चतुर्थी के सही शुरुआत कब भइल, एह बारे में निश्चित जानकारी नइखे। बाकिर 1893 में लोकमान्य बाल गंगाधर तिलक महाराष्ट्र में एह पर्व के सार्वजनिक रूप से मनावे के शुरुआत कइलें, जवना से ई तेजी से लोकप्रिय हो गइल। तिलक एह पर्व के माध्यम से हिंदू समाज के एकजुट करे आ ब्रिटिश शासन के खिलाफ राष्ट्रीय चेतना जगावे के प्रयास कइलें। आजुओ सार्वजनिक पंडालन में धार्मिक ग्रंथन के पाठ, सामूहिक भोज, खेल-कूद, व्यायाम आ पारंपरिक युद्धकला से जुड़ल प्रतियोगिता जइसन कई गो कार्यक्रम आयोजित कइल जाला।
माघ महीना में
[संपादन करीं]हिंदू कलेंडर के माघ महीना के दुनों चउथ गणेश के पूजा से मनावल जालीं। इनहन के सकट चउथ आ वैनायकी चउथ के नाँव से मनावल जाला। गणेश जयंती (गणेश जनम के तिहुआर) अँजोर के पाख में पड़े ले।
महीनावार
[संपादन करीं]लगभग हर हिंदू महीना के चौथी तिथी के गणेश के पूजा कइल जाला।